लॉक डाउन में आर्थिक तंगी से जूझ रहे नायी समाज सांसद व विधायक को देगी ज्ञापन।
मुबारक हुसैन की रिपोर्ट
फारबिसगंज(अररिया):- जहां एक ओर कोविड 19 बिकराल रूप रूप लिये जा रही है। वही नायी समाज के सामने रोजी रोटी की चिंताएं सताने लगी है। बार-बार के लॉक डाउन और आर्थिक तंगी की वजह से समाज की कमर टूटने लगी है, न तो सत्ता पक्ष और न ही विपक्ष ही इस जाति के मालिहालात के प्रति संवेदनशील दिख रही है। उक्त बातें शुक्रवार को नायी समाज के सचेतक मुन्ना ठाकुर ने अपने आवास पर ट्रेड यूनियन के पदाधिकारियों की एक बैठक में कही। बैठक में यूनियन के अध्यक्ष शंभु ठाकुर, उपाध्यक्ष विजेंद्र ठाकुर, सचिव पूर्व वार्ड पार्षद मनोज ठाकुर, सम्पर्क प्रमुख नंदन ठाकुर, ठाकुर गौतम परिहार, सदस्य रमेश ठाकुर उपस्थित हो अपने-अपने विचार व्यक्त किये। बैठक में सोशलडिस्टीनेस का पालन करते हुऐ पिछले दिनों लॉक डाउन के दौरान नायी समाज के द्वारा स्थानीय सिविल प्रशासन एसडीओ, डीएम, सीएम नीतीश कुमार और पीएम नरेंद्र मोदी को दिये गये मांग पत्र पर चर्चा की गई और कहा गया कि अब तक सरकार और सरकारी पदाधिकारीयो के द्वारा उनके मांग पत्र पर कोई चर्चा आश्वसान नहीं दिया गया है। जिससे पीड़ित नायी समाज का उत्थान हो सके। बैठक में चर्चा करते हुऐ कहा गया कि एक बार पुनः मांग पत्र इन अधिकारियों, नेताओं सहित स्थानीय विधायक एवं सांसद मांग पत्र दिया जाये साथ ही नायी समाज को अनुचित जाति में शामिल किया जाए। साथ ही यह भी निर्णाय लिया गया कि अगर उनकी मांगो पर अगर विचार नही किया गया तो समाज आंदोलन को विवश होगी।